Chhattisgarh | Press conference of School Education Minister
रायपुर। स्कूल शिक्षा विभाग मंत्री गजेंद्र यादव, सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह ने विभागीय गतिविधियों एवं उपलब्धियों पर आज दोपहर 1 बजे संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान मंत्री ने विभागीय उपलब्धियों और आगमी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दीं। नीचे पढ़ें
युक्तियुक्तकरण
1. राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 तथा शिक्षा का अधिकार अधिनियम-2009 में उल्लेखित प्रावधनों के अनुसार 10538 विद्यालयों का समायोजन ।
2. युक्तियुक्तकरण के द्वारा 15165 शिक्षकों एवं प्राचार्यो का समायोजन।
3. 453 शिक्षक विहीन विद्यालयों में शिक्षकों की पूर्ति।
4. 4729 एकल शिक्षकीय विद्यालयों में शिक्षकों की पूर्ति।
5. अधोसरंचनात्मक विकास, स्कूल कॉम्पलेक्स अवधारणा की प्रतिपूर्ति, शिक्षकों की उपलब्धता पर फोकस,
6. शैक्षिक प्रशासन में नियंत्रण।
शिक्षकों की पदोन्नति
1. 2017-18 के बाद शिक्षकों की पदोन्नति ।
2. “टी संवर्ग” में 1335 एवं “ई संवर्ग” में 1478 कुल 2813 पदों पर प्राचार्य की पदोन्नति ।
3. “टी संवर्ग” में कुल 1798 व्याख्याताओं की पदोन्नति।
4. विगत दो वर्ष में सहायक शिक्षक से प्रधान पाठक (प्राथमिक शाला), सहायक शिक्षक से शिक्षक एवं शिक्षक से प्रधान पाठक (माध्यमिक शाला) के पदों पर लगभग 7000 से अधिक पदोन्नति ।
5. 2621 बी.एड. योग्यताधारी सहायक शिक्षकों को सहायक शिक्षक (विज्ञान-प्रयोगशाला) में समायोजन।
6. पारदर्शिता पूर्वक ऑनलाईन काउसंलिंग के माध्यम से पदस्थापना की कार्यवाही।
शिक्षक भर्ती
1. दिव्यांग बालक-बालिकाओं के लिए स्पेशल एजुकेटर के कुल 848 पद स्वीकृत ।
2.2025 में स्पेशल एजुकेटर के कुल 62 पदों पर सीधी भर्ती से नियुक्ति।
3. विगत दो वर्षों में 2104 शैक्षणिक पदों पर सीधी भर्ती से नियुक्ति।
4. 5000 शिक्षकीय पदों पर सीधी भर्ती परीक्षा प्रक्रियाधीन। (सहायक शिक्षक-2292, सहायक शिक्षक व्याख्याता-854) प्रयोगशाला-200, शिक्षक-1654 एवं
5. इसके अतिरिक्त स्वामी आत्मानंद एवं विवेकानंद विद्यालयों में 3000 से अधिक पदों पर संविदा भर्ती प्रक्रियाधीन ।
कम्प्यूटर आधारित परीक्षा का संचालन
1. स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय, स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय एवं अन्य शासकीय संस्थाओं के शैक्षणिक तथा गैर शैक्षणिक संविदा पदों पर भर्ती हेतु राज्य स्तरीय ऑनलाइन कम्प्यूटर आधारित परीक्षा (Computer Based Test & CBT) की शुरूआत।
2. चयन प्रक्रिया हेतु सक्षम एजेंसी के चयन हेतु संचालक लोक शिक्षण, अधिकृत ।
3. जेम टेण्डर के माध्यम से परीक्षा एजेंसी चयनित, कार्य आदेश जारी।
4. स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय, के लिए 1895 एवं स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय के लिए 1171 कुल 3066 पदो हेतु संविदा भर्ती प्रक्रियाधीन।
5. राज्य स्तरीय ऑनलाइन कम्प्यूटर आधारित परीक्षा (Computer Based Test & CBT) का परिणाम 1 सप्ताह के भीतर घोषित किया जायेगा।
6. CBT प्रक्रिया से परीक्षा में पारदर्शिता आयेगी, और कम समय में परीक्षा परिणाम प्राप्त होंगे, फलस्वरूप संविदा शिक्षको की नियुक्ति से छात्र-छात्राएं लाभान्वित होंगे।
नवीन शिक्षा सत्र एवं समय-सारणी
1. 2026-27 में सभी शालाओं के संचालन हेतु एक समान शैक्षणिक समय सारणी का निर्माण।
2. राज्य के समस्त विद्यालयों हेतु क्रीड़ा समय सारणी एवं भ्रमण समय सारणी पृथक से जारी।
3. समय-सारणी में शैक्षिक पाठ्यक्रम के अलावा खेल एवं योग, नैतिक शिक्षा, संस्कार शिक्षा, को प्रभावी बनाना।
4. केन्द्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के अनुरुप आगामी शिक्षा सत्र 2027-28, 01 अप्रैल 2027 से प्रारंभ किये जाने का निर्णय लिया गया।
पाठ्य पुस्तक लेखन
1. 15 जुलाई 2024 विद्यालयों में NEP2020 लागू ।
2. कक्षा 1 तथा 2 के हिंदी विषय में बारहखड़ी को शामिल किया गया।
3. कक्षा 1 तथा 2 के लिये 16 स्थानीय भाषा में एवं 4 अंतराज्यीय भाषाओं में पाठ्य पुस्तकों का निर्माण।
4. कक्षा 1, 2, 3 तथा 6 के सभी विषयों के (हिंदी तथा अंग्रेजी माध्यम) के NCERT पाठ्यपुस्तकों का अनुकूलन।
5. कक्षा 11वीं एवं 12वीं में NCERT नई दिल्ली द्वारा तैयार पाठ्यक्रम संचालित।
6. राज्य में बहुभाषा शिक्षण पर फोकस ।
7. राष्ट्रीय पाठ्यक्रम के अनुसार पाठ्यपुस्तक निर्माण।
8. कक्षा 3 से 8 तक के विद्यार्थियों के लिए सहायक वाचन पुस्तक का लेखन।
9. विद्यार्थियों के सामान्य ज्ञान हेतु छ.ग. राज्य के पर्व, त्योहार, स्थानीय बोली, महापुरुषों, दार्शनिक स्थल, खनिज संपदा, वन संपदा की जानकारी हेतु सहायक वाचन पुस्तक सामग्री का निर्माण किया गया है।
बहुभाषी शिक्षा
1. भाषाई चित्रण (Language Mapping) करने वाला देश का पहला राज्य है।
2. सत्र 2025-26 में बस्तर संभाग में “बच्चे की भाषा का कक्षा में उपयोग” पर जिले की प्राथमिक शाला के शिक्षकों तथा पोर्टा केबिन के अनुदेशक तथा शिक्षक 2700 प्रशिक्षित ।
3. सत्र 2025-26 से सरगुजा संभाग के जिला सरगुजा, बलरामपुर, सूरजपुर, जशपुर, कोरिया के सभी प्राथमिक शालाओं में लागू। सरगुजा संभाग में 2368 शिक्षक प्रशिक्षित ।
4. जशपुर जिले में कुनकुरी और बगीचा ब्लॉक के 70-75 प्रतिशत बच्चों की घर की भाषा सादरी है. लगभग इतने ही प्रतिशत शिक्षक सादरी भाषा बोलने और उसमें कार्य करने में सक्षम हैं. इस आधार पर सहायक सामग्री (बिग बुक, पिक्चर पोस्टर, कविता पोस्टर कहानी संग्रह) विकसित की गई।
5. कक्षा 1 से 3 तक छत्तीसगढ़ी, गोंडी, हल्बी, सादरी को शिक्षा के माध्यम अनुसार पाठ्यपुस्तकों का निर्माण प्रक्रियाधीन ।
6. कक्षा 4 से 12 तक छत्तीसगढ़ी को एक स्वतंत्र विषय के रूप में पाठ्यपुस्तकों कार्य प्रक्रियाधीन
ऑनलाईन अटेंडेंस
1. विद्यालयों में शिक्षकों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराने।
2. शैक्षणिक अनुशासन को सुदृढ़ बनाने।
3. विभागीय कार्यालयों में आधार बेस्ड बायोमैट्रिक उपस्थिति ।
4. शिक्षक एवं कर्मचारी विद्यालय आने और जाने का VSK मोबाइल ऐप में उपस्थिति ।
5. प्रतिदिन VSK App के माध्यम से ऑनलाईन लगभग 85 प्रतिशत शिक्षकों की उपस्थिति ।
6. किसी भी कर्मचारी पर अनावश्यक नियंत्रण स्थापित करना नहीं, बल्कि विद्यालयों में नियमित शिक्षण व्यवस्था सुनिश्चित करते हुए विद्यार्थियों के हितों की रक्षा करना।
तकनीक आधारित नवाचार
1. I Got कर्मयोगी पोर्टल के माध्यम से प्रशासनिक दक्षता एवं कार्यक्षमता में अभिवृद्धि ।
2. 195818 शिक्षक / कर्मचारी / अधिकारी पोर्टल में पंजीकृत ।
3. अवकाश प्रक्रिया का सरलीकरण एवं डिजिटाइजेशन हेतु अवकाश प्रबंधन पोर्टल ।
4. अवकाश हेतु कार्यालयों के चक्कर लगाना बंद एवं पेपरलेस कार्य।
5. स्वीकृकर्ता अधिकारी की जवाबदेही भी तय होगी।
6. ऑनलाईन पोर्टल में अचल संपत्ति विवरण की प्रविष्टि ।
निजी विद्यालयों की स्थापना हेतु डी-रेगुलेशन
1. शिक्षा के विस्तार, शिक्षा के क्षेत्र में निवेश को प्रोत्साहन ।
2. वैश्विक प्रतिस्पर्धा के अनुसार शैक्षणिक अवसर को बढ़ावा।
3. भूमि की न्यूनतम आवश्यकता, अक्षय निधि एवं अन्य विनियमनों को सरल करना।
4. गुणवत्तापूर्ण विद्यालयों की संख्या में वृद्धि।
5. बच्चों को इसका प्रत्यक्ष लाभ।
निःशुल्क पाठ्य पुस्तक योजना
1. 01 से 10 तक के अध्ययनरत विद्यार्थियों को सत्र प्रारंभ होने के पूर्व ही पाठ्यपुस्तक उपलब्ध कराये जाने की पहल ।
2. 4533261 विद्यार्थी लाभान्वित ।
3. स्कैनिंग के माध्यम से पुस्तकों का वितरण एवं सत्यापन ।
4. पाठ्य पुस्तकों के अपव्यय पर नियंत्रण।
5. हिन्दी, अंग्रेजी के अतिरिक्त 16 बोलियों में पाठ्यपुस्तक का प्रकाशन।
निःशुल्क सरस्वती सायकल योजना
1. शासकीय एवं अनुदान प्राप्त विद्यालयों की कक्षा 9वीं की नवप्रवेशी बालिकाओं को वितरण।
2. अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं बी.पी.एल. परिवार की पात्र हितग्राही बालिकायें लाभार्थी।
3. निःशुल्क सायकल शिक्षा सत्र प्रारंभ होने के पूर्व ही उपलब्ध कराये जाने की पहल ।
4. पात्रता को अधिक व्यापक बनाकर विस्तार किये जान की पहल।
5. सत्र 2026-26 में 162827 बालिकायें लाभान्वित ।
निःशुल्क गणवेश प्रदाय योजना
1. कक्षा 1ली से 8वीं तक के विद्यार्थियों को निःशुल्क गणवेश शिक्षा सत्र प्रारंभहोने के पूर्व ही उपलब्ध कराये जाने की पहल।
2. नये आकर्षक रंग के साथ चेक शर्ट, स्लेटी पेंट और ट्यूनिक का वितरण।
3. सत्र 2026-26 में 2863786 बच्चें लाभान्वित ।
परीक्षा परिणाम में वृद्धि
1. शिक्षा मंत्री के द्वारा परीक्षा पूर्व संभाग स्तर पर समस्त शिक्षा अधिकारियों की बैठक एवं मार्गदर्शन ।
2. ब्लू प्रिंट का निर्माण एवं अध्यापन।
3. पालक शिक्षक बैठक का आयोजन ।
4. बहुप्रतिक्षित 5 वीं एवं 8 वीं की केन्द्रीकृत परीक्षा का संचालन।
5. सत्र 2025-26 के 10 वीं एवं 12 वीं के परीक्षा परिणाम में लगभग 2 प्रतिशत की वृद्धि ।
मंत्रोच्चार भारतीय पद्धति
1. बौद्धिक एवं मानसिक विकास हेतु मंत्रोच्चार गतिविधियों का आयोजन।
2. प्राचीन संस्कृति एवं परंपराओं से अवगत कराये जाने हेतु मंत्रोच्चार गतिविधियों का आयोजन।
3. मंत्रोच्चार के उच्चारण से छात्रों के कंठ संबंधी दोष का निदान।
4. छात्रों में सकरात्मक सोच में वृद्धि ।
5. मंत्रोच्चार से छात्रों में सकरात्मक ऊर्जा का प्रवाह।
शनिवार बैग रहित दिवस
1. प्रत्येक शनिवार को छात्रों का तनाव एवं भय रहित वातावरण में पठन-पाठन।
2. देश एवं राज्य की स्थानीय कला एवं संस्कृति परंपराओं से अवगत कराया जाना।
3. खेल, योग, व्यायाम द्वारा छात्रों के मानसिक एवं शारीरिक विकास पर बल।
4. महापुरूषों की जयंतियों, तीज त्यौहार, तथा ऐतिहासिक तिथियों से छात्रों को अवगत कराया जाना।
5. भाषण, निबंध, गीत, कहानी एवं लोक कथाओं के माध्यम से छात्रों का सतत् विकास ।
भवन निर्माण
1. विगत तीन वर्षों में कुल 504 नवीन विद्यालयों की स्वीकृति ।
2. वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में 700 भवन विहीन विद्यालयों के लिये नवीन विद्यालयों का प्रावधान।
3. वर्ष 2023 से 2026 के मध्य 2583 नवीन अतिरिक्त कक्षों की स्वीकृति।
4. विगत तीन वर्षों में विद्यालयों के शौचालयों के निर्माण एवं मरम्मत कार्यों के लिए रूपये 52.39 करोड़ की राशि स्वीकृत दी गई है। इसके अतिरिक्त समग्र शिक्षा मद से विगत 03 वर्षों में 302 शौचालयों का निर्माण पूर्ण किया गया है।
5. ओरछा (जिला नारायणपुर) एवं जगरगुंडा (जिला सुकमा) में एजुकेशन सिटी की स्थापना हेतु भवन निर्माण के लिए रूपये 5 करोड़ का बजटीय प्रावधान ।
6. वित्तीय वर्ष 2023-24 से 2025-26 तक समग्र शिक्षा के तहत 30 प्राथमिक शाला एवं 11 उच्च प्राथमिक शाला भवन का स्वीकृत दिया गया है।
7. अतिरिक्त कक्ष निर्माण में 450 अतिरिक्त कक्ष निर्माण की स्वीकृति दी गई है।
8. वित्तीय वर्ष 226-27 में भवनों के अति आवश्यक कार्यों हेतु 20.61 करोड़ जारी।
स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय योजना
1. वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में 150 स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालयों के लिए भवन निर्माण एवं संचालन हेतु कुल रू.100 करोड़ का प्रावधान।
2. पी.एम. श्री विद्यालय के समान विद्यालय के संवर्धन पर जोर।
3. प्रत्येक विकासखंड में कम से कम एक स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालय स्थापित करना।
4. विद्यार्थियों को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करना।
5. कक्षा पहली से बारहवीं तक अध्ययन की व्यवस्था होगी।
नियद नेल्लानार
1. नियद नेल्लानार अंतर्गत बस्तर संभाग के 06 जिले 97 प्रतिशत ग्रामों में प्राथमिक शाला स्थापित ।
2. समस्त 3791 ग्राम समग्र शिक्षा के मापदंडों के अनुरुप 5016 प्राथमिक शालाओं के माध्यम से प्राथमिक शाला।
3. बस्तर संभाग में द्वि-भाषीय पुस्तकों के माध्यम से 13817 शिक्षक को प्रशिक्षित ।
4. शिक्षक विहीन तथा एकल शिक्षकीय विद्यालयों में 573 शिक्षा दूत के माध्यम से शिक्षा उपलब्ध करायी जा रही है।
5. शून्य दर्ज एवं माओवादी घटनाओं के कारण 48 बंद विद्यालयों को पुनः खोला गया है।
6. 36 नवीन विद्यालय खोले गये हैं।
7. 60 पोर्टा केबिन को आवासीय पी.एम श्री विद्यालय में परिवर्तित किया जाना प्रस्तावित ।
विद्या समीक्षा केंद्र (VSK) की स्थापना
1. AI (Artificial Intelligence) आधारित विद्या समीक्षा केंद्र की स्थापना।
2. विद्या समीक्षा केंद्र के माध्यम से शासन की योजनाओं की ऑनलाइन मॉनिटरिंग ।
3. विद्या समीक्षा केंद्र के माध्यम से अधोसंरचना, भौतिक सुविधा की उपलब्धता, पीएम पोषण, HRMIS, FLN आदि की मॉनिटरिंग।
4. विद्या समीक्षा केंद्र में कॉल सेंटर की स्थापना।
5. शिक्षकों, पालकों, संकुल समन्वयकों एवं अधिकारियों को 1 लाख से अधिक कॉल करके फीड बैक लिया गया है।
6. पाठ्यपुस्तक वितरण की बारकोड आधारित ट्रैकिंग। इस ट्रैकिंग के माध्यम से शासन के लगभग 40 करोड़ रूपय की बचत हुई है।
प्रधानमंत्री जनमन योजना
1. पीएम जनमन योजना अंतर्गत स्कूल शिक्षा विभाग में विशेष पिछड़ी जनजाति के बच्चों के लिए विद्यालयों के समीप उनको आवासीय छात्रावास सुविधा ।
2. प्रदेश में संचालित 156 आवासीय विद्यालय एवं छात्रावास में लगभग 33000 से अधिक बच्चे आवासीय सुविधा।
3. 13 जिलों में 40 पीवीटीजी (विशेष पिछड़ी जनजाति वर्ग के बच्चों हेतु) छात्रावास की स्वीकृति। जिसमें से 21 का निर्माण कार्य प्रारम्भ है।
प्रधानमंत्री धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान जनजातीय अभियान
1. छत्तीसगढ़ जैसे जनजातीय बहुल राज्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण योजना।
2. प्रधानमंत्री धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान जनजातीय क्षेत्रों के समग्र एवं संतुलित विकास पर जोर।
3. विद्यालय शिक्षा विभाग इस अभियान के अंतर्गत जनजातीय अंचलों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, विद्यालयी अधोसंरचना, छात्रावासों की सुविधाओं की उपलब्धता ।
4. धरती आबा जनजातीय ग्राम उन्नत अभियान अंतर्गत 13 जिलों में 42 छात्रावासों की स्वीकृति।
