Chhattisgarh | Historical achievement in the health system of Chhattisgarh
रायपुर, 20 नवंबर 2025। छत्तीसगढ़ ने स्वास्थ्य सेवाओं में एक और ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। जिला अस्पताल पंडरी रायपुर और जिला अस्पताल बलौदाबाजार की इंटिग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब्स (IPHL) को भारत सरकार के नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस प्रोग्राम (NQAS) के तहत राष्ट्रीय स्तर का क्वालिटी सर्टिफिकेट मिला। पंडरी रायपुर की IPHL देश की प्रथम, जबकि बलौदाबाजार की IPHL देश और राज्य की द्वितीय प्रमाणित लैब बनी।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने इस उपलब्धि को राज्य के स्वास्थ्य तंत्र में आ रहे व्यापक, वैज्ञानिक और संरचनात्मक सुधारों का प्रमाण बताया। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता हैं और IPHL मॉडल ग्रामीण, आदिवासी और दूरस्थ क्षेत्रों तक विश्वसनीय जांच सेवाएँ पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
पंडरी रायपुर की IPHL प्रतिदिन 3,000 से अधिक जांचें करती है और 120 से अधिक प्रकार की सेवाएँ उपलब्ध कराती है। बलौदाबाजार की IPHL प्रतिदिन 1,000 से 1,200 जांचें करती है और 100 से अधिक प्रकार की लैब टेस्टिंग उपलब्ध है। दोनों लैब्स में आधुनिक उपकरण, प्रशिक्षित तकनीशियन और समयबद्ध रिपोर्टिंग सुनिश्चित की गई है, जिससे मरीजों को तेज, सटीक और किफायती जांच सुविधा मिलती है।
इस प्रमाणीकरण के लिए भारत सरकार, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा नामित विशेषज्ञों ने दोनों लैब्स का मूल्यांकन किया। पंडरी रायपुर IPHL ने 90% और बलौदाबाजार IPHL ने 88% स्कोर प्राप्त किया, जो स्वास्थ्य गुणवत्ता के राष्ट्रीय मानकों में उत्कृष्ट श्रेणी में आता है।
स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि यह उपलब्धि राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं में आने वाले ऐतिहासिक सुधारों का परिणाम है। भविष्य में पूरे प्रदेश के जिला अस्पतालों और प्रमुख स्वास्थ्य संस्थानों को इसी उच्च गुणवत्ता मॉडल पर अपग्रेड किया जाएगा, जिससे छत्तीसगढ़ राष्ट्रीय स्तर पर स्वास्थ्य सेवा गुणवत्ता का अग्रणी राज्य बनेगा।
